शाबाश जशपुर पुलिस -बॉर्डर पर गांजा तस्करों की कमर तोड़ता पुलिस का संयुक्त अभियान
छत्तीसगढ़ – सरगुजा रेंज पुलिस महानिरीक्षक दीपक कुमार झा के मार्गदर्शन एवं जशपुर डीआईजी डॉ. लाल उमेद सिंह के नेतृत्व में जशपुर जिला पुलिस ने अक्टूबर माह के शुरुआती चार दिनों में गांजा तस्करी के खिलाफ लगातार दो बड़ी कार्रवाइयों को अंजाम देकर तस्करों के नेटवर्क पर कड़ा प्रहार किया है। लावाकेरा बॉर्डर पर पुलिस की सतर्कता ने गांजा तस्करों की कमर तोड़ने की दिशा में प्रभावी संदेश दिया है।
जशपुर पुलिस की इन सफलताओं के पीछे बेहतर समन्वय, सटीक सूचना तंत्र, सतत निगरानी और टीमवर्क का मूल मंत्र काम कर रहा है। उड़ीसा सीमा से जिले में प्रवेश करने वाले संदिग्ध वाहनों पर लगातार नजर रखते हुए एंटी नारकोटिक्स टीम और थाना पुलिस की संयुक्त कार्रवाई ने तस्करों की रणनीति को लगातार विफल किया है।

खबरों के अनुसार 02 अक्टूबर को लावाकेरा चेकिंग बैरियर पर टाटा आईसर मिनी ट्रक से 440 किलोग्राम गांजा बरामद कर दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था। इसके ठीक दो दिन बाद 04 अक्टूबर को इसी क्षेत्र में एक अन्य टाटा आईसर ट्रक से 632 किलोग्राम गांजा बरामद कर एक आरोपी विनोद कुमार गुप्ता को गिरफ्तार किया गया। दूसरे मामले में गांजा खाली बोतलों से भरी बोरियों के नीचे छिपाकर उत्तर प्रदेश ले जाया जा रहा था।


दोनों कार्रवाइयों में कुल 1073 किलोग्राम गांजा कीमत लगभग पांच करोड़ अस्सी लाख बरामद किया गया। यह लगातार कार्रवाई बताती है कि जशपुर पुलिस ने उड़ीसा सीमा से गुजरने वाले मादक पदार्थों के अवैध परिवहन के विरुद्ध अपनी निगरानी और कार्रवाई को और मजबूत किया है।
लावाकेरा चेकिंग बैरियर पर पुलिस की सजगता अब तस्करों के लिए बड़ी चुनौती बनती जा रही है। बॉर्डर पर तस्करी के रास्ते को प्रभावी रूप से रोकना ही पूरे नेटवर्क पर प्रहार का महत्वपूर्ण बिंदु है, और जशपुर पुलिस इसी दिशा में लगातार आगे बढ़ रही है।
डीआईजी डॉ. लाल उमेद सिंह के निर्देश, वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन तथा मैदान में तैनात पुलिस अधिकारियों और जवानों के आपसी समन्वय से मिली यह सफलता पूरे पुलिस बल के लिए प्रेरणादायी है। शाबाश जशपुर पुलिस—सतर्कता, समन्वय और सतत कार्रवाई के इसी मूल मंत्र के साथ नशे के कारोबार के खिलाफ अभियान जारी रहना चाहिए।






