नेपाल में भीषण फ्लैश फ्लड से तबाही: 8 लोगों की मौत, कई लापता, गांव-घर और पुल बहे; बचाव अभियान तेज
नेपाल में बुधवार को अचानक आई भीषण फ्लैश फ्लड ने भारी तबाही मचा दी है। देश के उत्तरी हिस्से में तिब्बत सीमा के करीब स्थित रसुवा जिले में भोटेकोशी नदी मे पानी का स्तर अचानक तेजी से बढ़ गया। देखते ही देखते तेज बहाव ने नदी किनारे के इलाकों, सड़कों, पुलों, बस्तियों और महत्वपूर्ण बिजली परियोजनाओं को अपनी चपेट में ले लिया।
ताजा रिपोर्टों के अनुसार, इस आपदा में कम से कम 8 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है। कई लोगों के लापता होने की खबर है और राहत एवं बचाव दल प्रभावित क्षेत्रों में लगातार तलाश अभियान चला रहे हैं। अधिकारियों ने आशंका जताई है कि नुकसान और हताहतों का आंकड़ा बदल सकता है, क्योंकि कई इलाकों तक पहुंचना मुश्किल बना हुआ है।
सुबह अचानक बढ़ा नदी का जलस्तर
रिपोर्टों के अनुसार, बुधवार सुबह भोटेकोशी नदी में पानी का असामान्य रूप से तेज बहाव देखा गया। रसुवा जिले के तिमुरे और स्याफ्रुबेसी सहित आसपास के क्षेत्रों में अचानक पानी घुसने से लोगों को संभलने का बहुत कम समय मिला।
स्थानीय प्रशासन और पुलिस के अनुसार, पानी का बहाव इतना तेज था कि नदी किनारे मौजूद कई संरचनाएं क्षतिग्रस्त हो गईं। कुछ इलाकों में वाहन, सामान और अन्य संपत्तियां भी पानी के साथ बहने की सूचना है। नेपाल के कई स्थानीय प्रशासनिक क्षेत्रों में नुकसान का आकलन जारी है।
कई बस्तियां प्रभावित, गांवों में भारी नुकसान
फ्लैश फ्लड का सबसे ज्यादा असर रसुवा जिले में देखा गया। रिपोर्टों के अनुसार, नदी किनारे स्थित कई बस्तियां प्रभावित हुई हैं। स्याफ्रुबेसी, बेत्रावती, मैलुंग और त्रिशूली क्षेत्र सहित नदी के आसपास के इलाकों में प्रशासन ने नुकसान का आकलन शुरू कर दिया है।
तेज पानी के कारण सड़क संपर्क बाधित होने से राहत कार्य में भी मुश्किलें आ रही हैं। पहाड़ी क्षेत्रों में किसी भी प्राकृतिक आपदा के दौरान सड़कें और पुल क्षतिग्रस्त होने पर दूरदराज के गांवों तक बचाव दल पहुंचाना बड़ी चुनौती बन जाता है।
पुल ढहा, सड़कें और बुनियादी ढांचा क्षतिग्रस्त
फ्लैश फ्लड की ताकत का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि धाधिंग जिले के मलेखु क्षेत्र में तेज पानी के बहाव के कारण एक पुल के ढहने के दृश्य सामने आए हैं। उफनती नदी के पानी ने पुल को जोरदार तरीके से प्रभावित किया, जिसके बाद संरचना बह गई।
बाढ़ से कई सड़कों और पुलों के क्षतिग्रस्त होने की खबर है। इससे स्थानीय परिवहन व्यवस्था पर गंभीर असर पड़ा है और कुछ राजमार्गों को बंद करना पड़ा है। प्रशासन प्रभावित मार्गों की स्थिति का आकलन कर रहा है।
जलविद्युत परियोजनाओं को भी बड़ा नुकसान
नेपाल की अर्थव्यवस्था और बिजली व्यवस्था में जलविद्युत परियोजनाओं की महत्वपूर्ण भूमिका है। इस फ्लैश फ्लड से बिजली उत्पादन और उससे जुड़े बुनियादी ढांचे को भी नुकसान पहुंचा है।
रिपोर्टों के अनुसार, प्रभावित क्षेत्र में जलविद्युत परियोजनाओं और बिजली उत्पादन क्षमता पर गंभीर असर पड़ा है। नेपाल बिजली प्राधिकरण से जुड़े नुकसान का आकलन जारी है। शुरुआती रिपोर्टों में करीब 430 मेगावाट बिजली उत्पादन क्षमता के प्रभावित होने की जानकारी सामने आई है। यह आंकड़ा प्रारंभिक आकलन है और आगे इसमें बदलाव संभव है।
हेलिकॉप्टर और सुरक्षा बलों को बचाव अभियान में लगाया गया
नेपाल सरकार ने आपदा के बाद राहत और बचाव अभियान तेज कर दिया है। नेपाल सेना, पुलिस और अन्य आपदा प्रतिक्रिया दल प्रभावित क्षेत्रों में तैनात किए गए हैं।






